आज रस्ते पर भटकते गौ वंश एक्सीडेंट , किसी होनारत में , कुए में , नदी नालो में, बीमारी में
चले जाते है तो उसे खडडा करके हम नमक डालकर विधिवत संस्कार करते है |
जो जननी जीवन भर मुझे सबकुछ देती रहती है उसके लिये हम अंतिम संस्कार तो कर ही सकते है ! आप को लावारिस मृत गौ वंश दिखाई दे तो हमें तुरंत सम्पर्क करे | राजीव दीक्षित जी ने एक प्रयोग किया था एक आम के पेड़ के नीचे मृत गौमाता को दफनाया और दूसरे आम के पेड़ के नीचे कुछ नहीं कीया | जीस आम के पेड़ के नीचे गौमाता को दफनाया था उसके ऊपर दूसरे आम के पेड़ से ४ गुना फल ज्यादा आये | यानी गौमाता जीवनभर हमें दूध, गोबर , गौमूत्र देती है पर मृत्यु के बाद भी बहुत देती है | यहीं दिव्य शक्ति है जो हर समय मनुष्य का कल्याण करती रहती है |